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यदी आप भी लोन लेने की सोच रहे हैं तो, यहां जाने सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (cibil score kitna hona chahiye)

सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (cibil score kitna hona chahiye)
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यदी आप भी लोन लेने की सोच रहे हैं तो, यहां जाने सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (cibil score kitna hona chahiye)


जैसे जैसे मंहगाई और इच्छाएं व्यक्ती की बढ़ रही हैं, वैसे वैसे अपनी इच्छाओं को पूरा करने के लिए लोगों का लोन लेने का प्रमाण भी बढ़ गया है। चाहे फिर वो घर खरीद के लिए होम लोन हो, या फिर चाहे बिजनेस शुरू करने के लिए बिजनेस लोन हो। आज के महंगाई के जमाने में बीना लोन के कुछ भी संभव नहीं है। लेकिन आप तो जानते ही हैं कि, यदी कुछ भी करने के लिए लोन चाहिए तो, बैंक सबसे पहले व्यक्ती का सिबिल स्कोर जिसे क्रेडिट स्कोर भी है, वह देखती है। ना की वह व्यक्ती की भावनाओं को देखती है।

बैंक हो या कोई भी लोन देने वाली संस्थान हो। वो किसी को लोन तभी देती है, जब उसका सिबिल स्कोर अच्छा होता है। मतलब लोन से जुड़ी सभी संस्थाएं किसी को भी लोन देने से पहले उसका सिबिल स्कोर देखती है कि, लोन के लिए जिसने आवेदन किया है, उसका सिबिल स्कोर कितना है। यदि व्यक्ती का सिबिल स्कोर अच्छा होगा, तभी बैंक या लोन देने वाली संस्था लोन देती है। पर सवाल यह उठता है कि, फिर लोन लेने के लिए बैंक को व्यक्ती का सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (loan lene ke liye cibil score kitna hona chahiye)? इस लेख में हम यही जानने की कोशिश करेंगे कि, यदि हमे बैंक या किसी भी लोन देने वाली संस्था से लोन चाहिए तो, सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (cibil score kitna hona chahiye)। आइए जानते हैं। पर इससे पहले हमें यह समझना होगा कि, की ये सिबिल स्कोर व्यक्ती के लिए कोन जारी करता है? चलिए समझते हैं।

Table of Contents

सिबिल स्कोर व्यक्ती के लिए कोन जारी करता है? Cibil score vyakti ke liye koun jari karta hai

सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (cibil score kitna hona chahiye) इसे जानने से पहले हमें यह जानकारी अवगत करनी होगी कि, ये सिबिल स्कोर (cibil score) कोन जारी करता है? आपको बता दें कि, किसी भी व्यक्ती के लिए सिबिल स्कोर आरबीआई के अंडर में काम करने वाली संस्था सिबिल (CIBIL) जारी करती है। सिबिल संस्था का पूरा नाम क्रेडिट इनफॉर्मेशन ब्यूरो ऑफ इंडिया लिमिटेड (Credit Information Bureau Of India limited) है। यह संस्था लोगों के आर्थिक व्यवहार की जांच करके यह सिबिल स्कोर बनाती है।

सिबिल स्कोर क्या होता है (cibil score kya hota hai)

सिबिल स्कोर व्यक्ती का आर्थिक व्यवहार कैसा है यह दिखाने वाला एक मानक है। जिसे सिबिल संस्था द्वारा बनाया जाता है। इस सिबिल स्कोर को बनाने के लिए यह संस्था देशभर में मौजूद सभी वित्तीय संस्थाओं से लोगों के आर्थिक व्यवहार से जुडी जानकारी को इकट्ठा करती है और उस जानकारी का अभ्यास करके हर व्यक्ती के लिए यह सिबिल स्कोर जारी करती है।

आपको बता दें कि, सिबिल संस्था द्वारा बनाए जानें वाला सिबिल स्कोर 300 से 900 अंकों के बिच में होता है। यह स्कोर हमेशा तीन अंकों का ही रहता है। आपको बता दें हर व्यक्ती के आर्थिक व्यवहार के अनुसार सिबिल स्कोर अलग अलग होता है। यदि आपने कभी बैंक से कोई व्यवहार नहीं किया है तो, आपका सिबिल स्कोर भी नहीं हो सकता है।

सिबिल स्कोर की क्या जरूरत है (cibil score ki kya jarurat hai)

आपके दिमाग में यह भी सवाल उठ रहा होगा कि, सिबिल स्कोर (cibil score) की क्या जरूरत है। आपकों बता दें कि, सिबिल स्कोर किसी भी वित्तीय संस्था के लिए, तथा लोगों के लिए जरूरी है। इस सिबिल स्कोर के चलते वित्तीय संस्था किसी को भी कर्ज देते वक्त सजग हो जाती है कि, क्या आवेदक को कर्ज देना सही रहेगा या नहीं। इस सिबिल स्कोर के जरिए वित्तीय संस्था यह तय करती है कि, वो जिसे लोन दे रही है, क्या वो व्यक्ती उसे लौटा पाएगा? सिबिल स्कोर वित्तीय संस्था का पैसा डूबने से बचाता है। यदी बीना सिबिल स्कोर के बैंक या कोई वित्तीय संस्था कर्ज के तौर पर किसी को भी पैसा देती है और वह व्यक्ती उसे नही लौटाएगा तो, बैंक का पैसा डूब जाएगा। यदि ज्यादा लोग बैंक का पैसा डूबा देते है तो, वह बैंक दीवालिया हो जाएंगी और अंत में सरकार कोनुकसान होगा और लोगों के विश्वास को भी ठेस पहुंचेगी। जिसके चलते लोग अपना पैसा डूबने के डर से बैंक में नही रखेंगे। इसलिए बैंक का अर्थात जमाकर्ता लोगों का पैसा सेफ रहे इसलिए सिबिल स्कोर की जरुरी है। इतना ही नहीं इमानदार लोगों को पहले कर्ज मिल सके इसलिए भी सिबिल स्कोर (cibil score) की जरुरत होती हैं।

लोन के लिए सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (loan ke liye cibil score kitna hona chahiye)

लोन लेने के लिए हमारे पास सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए यह कुछ निश्चित नहीं है। लेकिन फिर भी प्राप्त जानकारी के मुताबिक़ यदी लोन चाहिए तो, सिबिल स्कोर (cibil score) 750 या इससे अधिक होना चाहिए। आपकों बता दें कि, ये जो सिबिल स्कोर है। वह 300 से 900 अंकों के बिच होता है। जितना ज्यादा व्यक्ती का सिबिल स्कोर (cibil score) होता है, व्यक्ती को उतने ही आसानी से और बेहतर ब्याज दर पर लोन मिलता है। इसके अलावा अच्छा सिबिल स्कोर होने पर लोन की राशी भी ज्यादा मिलती है। यदी आपको अधिक राशी चाहिए और बेहतर ब्याज दरों पर तथा मनपसंद भुगतान अवधी के लिए चाहीए तो सिबिल स्कोर 800 से अधीक होने पर ही यह संभव है।

पांच श्रेणी में विभाजित है सिबिल स्कोर

आपको बता दें कि, आर्थिक व्यवहार के अनुसार सिबिल स्कोर को पांच श्रेणी में विभाजित किया गया है। 1) 300 से 549 2) 550 से 649 3) 650 से 749 4) 750 से 799 5) 800 से 900

1) 300 से 549 के बिच सिबिल स्कोर होना चाहिए या नहीं

सिबिल संस्था 300 से 900 के बिच कर्जदाताओ के लिए सिबिल स्कोर जारी करती है। सिबिल संस्था के अनुसार 300 से लेकर 549 के बिच का जो स्कोर होता है, उस स्कोर को बहुत खराब (very poor) सिबिल स्कोर माना जाता है। ऐसा सिबिल स्कोर खास कर उन लोगों को मिलता है, जो कर्ज का भुगतान नहीं करते है या फिर कर्ज को लेकर कुछ सेटलमेंट कर्ज देने वाली संस्था के साथ करते हैं। यदी इस श्रेणी के भीतर आपको सिबिल स्कोर (cibil score) मिला है तो, बैंक आपकों लोन नहीं देगी और यदि लोन देती भी है तो, वह बहुत कम राशि उच्च ब्याज दर पर देती है। इसलिए 300 से लेकर 549 के बिच सिबिल स्कोर (cibil score) नही होना चाहिए।

2) 550 से 649 के बिच सिबिल स्कोर होना चाहिए या नहीं

यह सिबिल स्कोर भी कुछ ख़ास नहीं है। यह सिबिल स्कोर खराब (poor) श्रेणी वाला माना जाता है। इस रेंज वाला सिबिल स्कोर इएमआई भुगतान में बहुत देरी का संकेत देता है। 550 से 649 के रेंज में सिबिल स्कोर होना भी बैंक के लिए यह संकेत होता है कि, आवेदक को लोन देना जोखिम वाला है। इसलिए यदि आप का सिबिल स्कोर इस रेंज के भीतर है तो, बैंक आपकों लोन बहुत कम देगी तथा कम राशि पर ब्याज दर भी ज्यादा लगाएंगी। मतलब हम कह सकते हैं कि, 550 से 649 के बिच सिबिल स्कोर नहीं होना चाहिए।

3) 650 से 749 के बिच सिबिल स्कोर होना चाहिए या नहीं

650 से 749 के बिच का सिबिल स्कोर 300 से 549 और 550 से 649 के श्रेणी वाले स्कोर से बेहतर है। 650 से 749 के रेंज के सिबिल स्कोर को निष्पक्ष सिबिल स्कोर (fair cibil score) कहा जाता है। आपको बता दें कि, इस रेंज का सिबिल स्कोर एक अच्छा सिबिल स्कोर माना जाता है। 650 से 749 के बिच का सिबिल स्कोर व्यक्ती के अनुशासित पुनर्भुगतान के इतिहास को दर्शाता हैं। इस सिबिल स्कोर में आने वाला व्यक्ति बैंक के लिए कम जोखिम वाला होता है। लेकिन फिर भी यह कम ब्याज दरों को अधीक राशि देने को नही दर्शाता हैं। इसलिए यदि आपका सिबिल स्कोर 650 से 749 के बिच है और आपको ज्यादा लोन चाहिए तो, यह सिबिल स्कोर आपके लिए अच्छा नहीं है। ज्यादा कर्ज के लिए आपके पास इससे अधिक श्रेणी वाला सिबिल स्कोर होना चाहिए।

4) 750 से 799 के बिच सिबिल स्कोर होना चाहिए या नहीं

750 से 799 के रेंज वाला सिबिल स्कोर एक अच्छा सिबिल स्कोर (good cibil score) माना जाता है। हर तरह के लोन के लिए 750 से 799 के रेंज वाला सिबिल स्कोर जरूर होना चाहिए। इस रेंज में सिबिल स्कोर होना हर प्रकार का कर्ज मिलने का संकेत देता है। यदी आपके पास इस श्रेणी का सिबिल स्कोर है तो, आपकों किसी भी प्रकार का लोन देने में बैंक नही हिचकिचेंगी। क्युकी इस सिबिल स्कोर (cibil score) का मतलब होता है, अच्छा बैंक रिकॉर्ड। किसी भी तरह का लोन यदि आपको चाहिए तो, आपके पास 750 से 799 के रेंज का सिबिल स्कोर होना चाहिए।

5) 800 से 900 के बिच सिबिल स्कोर होना चाहिए या नहीं

हर तरह के लोन के लिए और बड़ी से बड़ी रक्कम पाने के लिए यह सिबिल स्कोर सबसे अच्छा है। आपको बता दें कि, 800 से 900 के बिच के सिबिल स्कोर को अति उत्कृष्ट (excellent cibil score) श्रेणी वाला सिबिल स्कोर माना जाता है। आपकों बता दें कि, 800 से 900 के श्रेणी वाला यह सिबिल स्कोर कर्ज को समय पर और किसी भी परिस्थिती में कर्ज का भुगतान करने वालों को दर्शाता हैं। इस श्रेणी का सिबिल स्कोर रखने वाले व्यक्ती को बैंक उच्च धन राशी कर्ज के रुप में कम ब्याजदर पर भी देने के लिए राजी होती हैं देती है। इसके अलावा ऐसा सिबिल स्कोर रखने वाले व्यक्ती को बैंक मनपसंद भूगतान अवधी भी देती। अर्थात 800 से 900 के बिच का सिबिल स्कोर होना सबसे अच्छा है। (best credit score 800 – 900 hona chahiye)

ये थी सिबिल संस्था द्वारा निर्धारित सिबिल स्कोर की पांच श्रेणियां। अब आप को यह भी जानना जरूरी है कि, लोन मिलने के लिए न्यूनतम सिबिल स्कोर (cibil score) कितना होना चाहिए। आइए जानते हैं।

लोन मिलने के लिए न्यूनतम सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (loan milne ke liye minimum cibil score kitna hona chahiye)

यदी आप यह जानना चाहते हैं कि, लोन मिलने के लिए न्यूनतम सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (loan milne ke liye minimum cibil score kitna hona chahiye)। आपकों बता दें कि, लोन मिलने के लिए कोई भी बैंक/ लोन संस्थान न्यूनतम सिबिल स्कोर निर्धारित नहीं करती है। जानकारी बताती है कि, लोन मिलने के लिए 750 या उससे ज़्यादा का स्कोर किसी को भी लोन मिलने के लिए अच्छा माना जाता है। इस स्कोर से लोन लेने वाले व्यक्ति के क्रेडिट योग्यता का पता बैंक को चलता है कि, व्यक्ती का भूगतान व्यवहार कैसा है। जिसके चलते लोन एप्लीकेशन के मंज़ूर होने की संभावना, मतलब लोन मिलने की संभावना भी अधिक होती है।

सिबिल स्कोर न होने पर भी क्या लोन मिल सकता है (cibil score na hone par bhi kya loan mil sakta hai)

आपको बता दें कि, सिबिल स्कोर हर किसी के पास नही होता है। कई बैंक और वित्तीय संस्थान उन लोगों को लोन देते हैं, जो न्यू टू क्रेडिट हैं। यानी जिनका क्रेडिट स्कोर नहीं है। अगर कभी सिबिल स्कोर न होने पर आपको बैंक या वित्तीय संस्था आपके लोन को मंज़ूर करती है तो, यह अच्छा मौका होता है आपके पास अपना अच्छा सिबिल स्कोर बनाने का।

दोस्तों यह थीं लोन लेने के लिए सिबिल स्कोर कितना होना चाहिए (cibil score kitna hona chahiye) इसकी विस्तृत जानकारी। आशा करता हू, यह जानकारी आपको अच्छी लगी होगी।

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